पटना: बिहार के ग्रामीण विकास तथा सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के मंत्री श्रवण कुमार ने सोमवार को विभागीय कामकाज की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्देश दिया कि सरकार के 100 दिन की उपलब्धियों और जनहित योजनाओं का अधिकतम प्रचार-प्रसार किया जाए, ताकि कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी हर व्यक्ति तक पहुंच सके।
समीक्षा बैठक में दिए अहम निर्देश
मंत्री श्रवण कुमार ने विभाग के सचिव नवीन कुमार, निदेशक अनिल कुमार, संयुक्त सचिव राजीव कुमार सिंह सहित सभी वरिष्ठ अधिकारियों के साथ हुई बैठक में कहा कि मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व वाली सरकार के 100 दिनों में किए गए कार्यों और शुभारंभ हुई योजनाओं को जन-जन तक पहुंचाना विभाग की प्राथमिक जिम्मेदारी है। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि समाचार पत्रों, टेलीविजन, रेडियो और सोशल मीडिया के हर मंच का उपयोग करके सकारात्मक खबरों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया जाए।
सरकार के 100 दिन की उपलब्धियों पर फोकस
बैठक में मंत्री ने स्पष्ट किया कि सरकार के 100 दिन की उपलब्धियों को केवल आंकड़ों तक सीमित न रखा जाए, बल्कि उनसे आम आदमी को होने वाले वास्तविक लाभ को सरल भाषा में समझाया जाए। उन्होंने ग्रामीण विकास विभाग की योजनाओं, जैसे मनरेगा, प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण), जल-जीवन-हरियाली अभियान आदि की प्रगति रिपोर्ट को भी प्रचार सामग्री में शामिल करने का निर्देश दिया। मंत्री ने कहा कि हर जिले में हुए उल्लेखनीय कार्यों की सफलता की कहानियां (Success Stories) तैयार कर मीडिया को उपलब्ध कराई जाएं।
नकारात्मक खबरों का त्वरित खंडन जरूरी
श्रवण कुमार ने नकारात्मक खबरों और अफवाहों पर त्वरित आधिकारिक खंडन जारी करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि गलत जानकारी जनमानस में भ्रम पैदा करती है और सरकार की छवि धूमिल करती है। इसलिए प्रत्येक जिला सूचना कार्यालय को सतर्क रहना चाहिए और भ्रामक समाचार सामने आते ही तथ्यों के साथ खंडन जारी करना चाहिए। इसके लिए एक समर्पित रैपिड रिस्पांस टीम गठित करने का भी सुझाव दिया गया।
सोशल मीडिया पर नियमित और गुणवत्तापूर्ण प्रचार
सोशल मीडिया की बढ़ती पहुंच को देखते हुए मंत्री ने फेसबुक, एक्स (पूर्व में ट्विटर), इंस्टाग्राम, यूट्यूब और कू जैसे प्लेटफॉर्म्स पर सरकारी योजनाओं के प्रचार को नियमित, गुणवत्तापूर्ण और आकर्षक बनाने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि केवल सूचनात्मक पोस्ट डालने से काम नहीं चलेगा, बल्कि इन्फोग्राफिक्स, शॉर्ट वीडियो, रील्स और लाइव सेशन के माध्यम से युवाओं और ग्रामीण जनता से सीधा संवाद स्थापित किया जाए। इसकी साप्ताहिक समीक्षा करने और एनालिटिक्स रिपोर्ट प्रस्तुत करने का भी आदेश दिया गया।
कार्यालय संस्कृति में पारदर्शिता और समन्वय
बैठक के अंत में मंत्री श्रवण कुमार ने विभागीय कार्यालयों में कार्य संस्कृति सुधारने पर बल दिया। उन्होंने कहा कि फाइलों का निपटारा समय-सीमा के भीतर हो, अंतर-विभागीय समन्वय मजबूत हो और पारदर्शिता बनी रहे। उन्होंने अधिकारियों को फील्ड विजिट बढ़ाने और योजनाओं की जमीनी हकीकत जानने के लिए ग्रामीण क्षेत्रों का दौरा करने का भी निर्देश दिया।
इस अवसर पर विभाग के सचिव नवीन कुमार ने आश्वस्त किया कि मंत्री के सभी निर्देशों का अक्षरशः पालन किया जाएगा और एक सप्ताह के भीतर कार्ययोजना तैयार कर प्रस्तुत की जाएगी। बिहार सरकार के कार्यों और नीतियों की अधिक जानकारी के लिए आप बिहार सरकार के विकिपीडिया पृष्ठ पर जा सकते हैं।

